Karnavati 24 News
તાજા સમાચાર
ताजा समाचार
विदेश

UK: पीएम बोरिस जॉनसन पर आरोप, अफगानिस्तान निकासी अभियान में इंसानों से ज्यादा ‘जानवरों’ को जरूरी समझा, ईमेल से खुलासा

UK Boris Johnson: आए दिन आरोपों का सामना कर रहे ब्रिटेन के पीएम बोरिस जॉनसन पर एक और नया आरोप लग गया है. ऐसा कहा जा रहा है कि उन्होंने अफगानिस्तान निकासी अभियान के समय जानवरों को प्राथमिकता दी.

ब्रिटेन की सरकार ने गुरुवार को उन आरोपों को खारिज कर दिया है, जिनमें कहा गया है कि प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन (British PM Boris Johnson) ने अफगानिस्तान निकासी अभियान में इंसानों से ज्यादा जानवरों को प्राथमिकता दी. ये बात बीते साल अगस्त महीने की है, जब अफगानिस्तान (Afghanistan) पर तालिबान ने कब्जा कर लिया था. जानवरों की देखभाल करने वाले एक शेल्टर होम से जुडे़ मुद्दे के कारण जॉनसन पर सवालों की झड़ी लग गई है. वो भी ऐसे वक्त में, जब वो पहले से ही लॉकडाउन (Lockdown Party) में पार्टी किए जाने के कारण जांच का सामना कर रहे हैं.

ब्रिटेन की संसदीय समिति ने विदेश मंत्रालय के अगस्त के ईमेल जारी किए हैं. जिसमें राजनयिक पीएम जॉनसन के ब्रिटिश कर्मचारियों और नौजाद पशु चैरिटी के जानवरों की निकासी कराने के फैसले का जिक्र कर रहे हैं. कुछ रिपोर्ट्स में ऐसा कहा गया था कि जॉनसन ने अफगानिस्तान के उस शेल्टर होम (Animal Shelter Home) को तरजीह देने से इनकार कर दिया था, जो अफगानिस्तान में कुत्ते और बिल्लियों की देखभाल का काम कर रहा था. इस शेल्टर होम को ब्रिटेन के एक पूर्व सैनिक चला रहे थे. जिनका नाम पॉल पेन फार्थिंग है. हालांकि बाद में ये खबर खूब चर्चा में आई, जिसके बाद सभी जानवरों को विमान से ब्रिटेन तक सुरक्षित लाया गया.

ईमेल में क्या लिखा है?
एक ईमेल में लिखा है, ‘एक पूर्व-रॉयल मरीन द्वारा संचालित चैरिटी नौजाद को बहुत पब्लिसिटी मिली है और पीएम ने अभी-अभी उसके कर्मचारियों और जानवरों को निकालने के लिए मंजूरी दी है.’ इस इमेल में दूसरे ऐसे ही संगठनों का जिक्र है, जो इसी तरह की मदद मांग रहे थे. अब इस पूरे मसले पर इसलिए भी इतना हल्ला मच रहा है क्योंकि ब्रिटिश सैनिकों की मदद करने वाले कई अफगान वहीं फंस गए, जबकि ब्रिटेन और अमेरिका जैसे देशों ने कहा था कि वह निकासी अभियान में अपने सैनिकों की मदद करने वाले अफगानों को भी सुरक्षित देश से निकालेंगे.

रक्षा मंत्री ने जारी किया बयान
अब ब्रिटिश सरकार ने जानवरों को इंसानों से अधिक महत्व देने के आरोपों से इनकार कर दिया है. रक्षा मंत्री बेन वॉलेस ने जोर देते हुए कहा कि प्रधानमंत्री की तरफ से जानवरों को प्राथमिकता देने का कोई आदेश नहीं दिया गया था. इस मामले में गुरुवार को मंत्री थेरेसा कॉफे ने कहा, ‘प्रधानमंत्री ने निकासी अभियान से जुड़ा कोई भी फैसला व्यक्तिगत रूप से नहीं लिया है. कई लोगों ने दावा किया है कि जानवरों से संबंधित प्रोजेक्ट को समर्थन देने वालों में प्रधानमंत्री भी शामिल थे, लेकिन पीएम ने कहा है कि वह इन व्यक्तिगत फैसलों में शामिल नहीं थे.’

संबंधित पोस्ट

गुजरात के खेड़ा में 5 भाई-बहनों समेत 6 की मौत: नदी में नहाते समय सभी डूबे, गर्मी की छुट्टियां बिताने चाचा के घर आए थे

Gujarat Desk

गुजरात MLA का स्टीकर लगाकर उत्तराखंड में तोड़ा ट्रैफिक नियम: रोकने पर बोला- पापा विधायक हैं, पुलिस ने काटा ₹500 का चालान – Chamoli News

Gujarat Desk

आसाराम ने जोधपुर सेंट्रल जेल में किया सरेंडर: पहले आश्रम पहुंचा, फिर एम्स में जांच करवाई, एयरपोर्ट पर समर्थकों को दिया आशीर्वाद – Jodhpur News

Gujarat Desk

सूरत कपड़ा मार्केट आग- 800 राजस्थानी बर्बाद: व्यापारी बोले- 32 साल की मेहनत से करोड़पति बने थे, एक ही रात में रोड पर आ गए – Rajasthan News

Gujarat Desk

टॉयलेट में बैठे-बैठे ही सुनवाई में शामिल हुआ था: गुजरात हाईकोर्ट ने 15 दिन समाज-सेवा का दिया आदेश, 1 लाख रुपए का जुर्माना भी लगा चुकी है कोर्ट

Gujarat Desk

मुंबई-अहमदाबाद बुलेट ट्रेन साइट पर हादसा: रेलवे ट्रैक बाधिक होने से 25 ट्रेनें रद्द, 5 रीशेड्यूल तो 6 ट्रेनों का रास्ता बदला गया – Gujarat News

Gujarat Desk